वर्तमान घंटा
छठी घड़ी - षष्ठ प्रहर
हम क्रूस-वध को स्मरण करते हैं और मसीह से प्रार्थना करते हैं कि वे हमारे मन को पाप से मुक्त करें और हमें संसार के लिए प्रकाश बनाएं।
प्रत्येक घड़ी की प्रस्तावना
पिता और पुत्र और पवित्र आत्मा के नाम पर
एक ही परमेश्वर, आमेन।
हे प्रभु, दया कर। हे प्रभु, दया कर। हे प्रभु, आशीष दे। आमेन।
पिता और पुत्र और पवित्र आत्मा को महिमा, अब और सर्वदा और युगानुयुग, आमेन।
हे हमारे पिता
¶ ‹“अतः तुम इस रीति से प्रार्थना किया करो:› ‹‘हे हमारे पिता, तू जो स्वर्ग में है; तेरा नाम› ‹पवित्र ›‹माना जाए।›
‹‘तेरा राज्य आए।›‹तेरी इच्छा जैसे स्वर्ग में पूरी होती है, वैसे पृथ्वी पर भी हो।›
‹‘हमारी दिन भर की रोटी आज हमें दे।›
‹‘और जिस प्रकार हमने अपने अपराधियों को क्षमा किया है,› ‹वैसे ही तू भी हमारे अपराधों को क्षमा कर।›
‹‘और हमें परीक्षा में न ला,› ‹परन्तु बुराई से बचा; [क्योंकि राज्य और पराक्रम और महिमा सदा तेरे ही हैं।’ आमीन।]›
कृतज्ञता की प्रार्थना
आओ, हम भलाई करनेवाले दयालु परमेश्वर का धन्यवाद करें, जो हमारे प्रभु, हमारे परमेश्वर और हमारे उद्धारकर्ता यीशु मसीह के पिता हैं, क्योंकि उन्होंने हमें आच्छादित किया, हमारी सहायता की, हमारी रक्षा की, हमें अपने पास स्वीकार किया, हम पर दया की, हमें दृढ़ किया, और हमें इस घड़ी तक पहुँचा दिया है। हम उनसे यह भी प्रार्थना करें कि वे हमें इस पवित्र दिन में और हमारे जीवन के सब दिनों में पूरी शान्ति सहित सुरक्षित रखें— हमारे प्रभु परमेश्वर सर्वशक्तिमान।
हे प्रभु परमेश्वर, सर्वशक्तिमान, जो हमारे प्रभु, हमारे परमेश्वर और हमारे उद्धारकर्ता यीशु मसीह के पिता हैं, हम तेरा धन्यवाद करते हैं हर समय, सब बातों में, और हर दशा में, क्योंकि तूने हमें आच्छादित किया, सहायता दी, रक्षा की, अपने पास स्वीकार किया, हम पर दया की, हमें दृढ़ किया, और हमें इस घड़ी तक पहुँचाया।
इसी कारण हम तेरी भलाई से विनती और याचना करते हैं, हे मनुष्य-प्रेमी, हमें अनुग्रह दे कि हम इस पवित्र दिन और अपने जीवन के सब दिनों को तेरे भय के साथ पूरी शान्ति में पूर्ण करें। सब ईर्ष्या, सब परीक्षा, शैतान का हर काम, दुष्ट मनुष्यों की हर चाल, और छिपे तथा प्रकट शत्रुओं का उठना— इन्हें हम से, तेरी सारी प्रजा से, और तेरे इस पवित्र स्थान से दूर कर। और जो कुछ भला और लाभदायक है, वह हमें प्रदान कर। क्योंकि तू ही है जिसने हमें साँपों और बिच्छुओं और शत्रु की सारी शक्ति पर पाँव रखने का अधिकार दिया है। और हमें परीक्षा में न ले जा, परन्तु हमें उस दुष्ट से छुड़ा।
तेरे एकलौते पुत्र, हमारे प्रभु, हमारे परमेश्वर और हमारे उद्धारकर्ता यीशु मसीह की अनुग्रह, दया और मनुष्य-प्रेम के द्वारा— जिनके द्वारा तेरे योग्य महिमा, आदर, प्रभुता और वन्दना तुझे मिलती है, उनके साथ जीवनदाता पवित्र आत्मा सहित, जो तेरे तुल्य हैं— अब और सर्वदा और युगानुयुग, आमेन।
भजन संहिता 50
सर्वशक्तिमान परमेश्वर यहोवा ने कहा है, और उदयाचल से लेकर अस्ताचल तक पृथ्वी के लोगों को बुलाया है।
सिय्योन से, जो परम सुन्दर है, परमेश्वर ने अपना तेज दिखाया है।
हमारा परमेश्वर आएगा और चुपचाप न रहेगा, आग उसके आगे-आगे भस्म करती जाएगी; और उसके चारों ओर बड़ी आँधी चलेगी।
वह अपनी प्रजा का न्याय करने के लिये ऊपर के आकाश को और पृथ्वी को भी पुकारेगा:
“मेरे भक्तों को मेरे पास इकट्ठा करो, जिन्होंने बलिदान चढ़ाकर मुझसे वाचा बाँधी है!”
और स्वर्ग उसके धर्मी होने का प्रचार करेगा क्योंकि परमेश्वर तो आप ही न्यायी है। (सेला)
“हे मेरी प्रजा, सुन, मैं बोलता हूँ, और हे इस्राएल, मैं तेरे विषय साक्षी देता हूँ। परमेश्वर तेरा परमेश्वर मैं ही हूँ।
मैं तुझ पर तेरे बलियों के विषय दोष नहीं लगाता, तेरे होमबलि तो नित्य मेरे लिये चढ़ते हैं।
मैं न तो तेरे घर से बैल न तेरे पशुशाला से बकरे लूँगा।
क्योंकि वन के सारे जीव-जन्तु और हजारों पहाड़ों के जानवर मेरे ही हैं।
पहाड़ों के सब पक्षियों को मैं जानता हूँ, और मैदान पर चलने-फिरनेवाले जानवर मेरे ही हैं।
“यदि मैं भूखा होता तो तुझ से न कहता; क्योंकि जगत और जो कुछ उसमें है वह मेरा है।
क्या मैं बैल का माँस खाऊँ, या बकरों का लहू पीऊँ?
परमेश्वर को धन्यवाद ही का बलिदान चढ़ा, और परमप्रधान के लिये अपनी मन्नतें पूरी कर;
और संकट के दिन मुझे पुकार; मैं तुझे छुड़ाऊँगा, और तू मेरी महिमा करने पाएगा।”
परन्तु दुष्ट से परमेश्वर कहता है: “तुझे मेरी विधियों का वर्णन करने से क्या काम? तू मेरी वाचा की चर्चा क्यों करता है?
तू तो शिक्षा से बैर करता, और मेरे वचनों को तुच्छ जानता है।
जब तूने चोर को देखा, तब उसकी संगति से प्रसन्न हुआ; और परस्त्रीगामियों के साथ भागी हुआ।
“तूने अपना मुँह बुराई करने के लिये खोला, और तेरी जीभ छल की बातें गढ़ती है।
तू बैठा हुआ अपने भाई के विरुद्ध बोलता; और अपने सगे भाई की चुगली खाता है।
यह काम तूने किया, और मैं चुप रहा; इसलिए तूने समझ लिया कि परमेश्वर बिल्कुल मेरे समान है। परन्तु मैं तुझे समझाऊँगा, और तेरी आँखों के सामने सब कुछ अलग-अलग दिखाऊँगा।”
“ हे परमेश्वर को भूलनेवालो यह बात भली भाँति समझ लो, कहीं ऐसा न हो कि मैं तुम्हें फाड़ डालूँ, और कोई छुड़ानेवाला न हो।
धन्यवाद के बलिदान का चढ़ानेवाला मेरी महिमा करता है; और जो अपना चरित्र उत्तम रखता है उसको मैं परमेश्वर का उद्धार दिखाऊँगा!”
प्रार्थना का आरम्भ
धन्य दिन की षष्ठ घड़ी की स्तुति, मैं इसे अपने राजा और परमेश्वर मसीह को अर्पित करता हूँ, और उनसे विनती करता हूँ कि वे मेरे पाप क्षमा करें।
भजन संहिता 53
मूर्ख ने अपने मन में कहा, “कोई परमेश्वर है ही नहीं।” वे बिगड़ गए, उन्होंने कुटिलता के घिनौने काम किए हैं; कोई सुकर्मी नहीं।
परमेश्वर ने स्वर्ग पर से मनुष्यों के ऊपर दृष्टि की ताकि देखे कि कोई बुद्धि से चलनेवाला या परमेश्वर को खोजनेवाला है कि नहीं।
वे सब के सब हट गए; सब एक साथ बिगड़ गए; कोई सुकर्मी नहीं, एक भी नहीं।
क्या उन सब अनर्थकारियों को कुछ भी ज्ञान नहीं, जो मेरे लोगों को रोटी के समान खाते है पर परमेश्वर का नाम नहीं लेते है?
वहाँ उन पर भय छा गया जहाँ भय का कोई कारण न था। क्योंकि यहोवा ने उनकी हड्डियों को, जो तेरे विरुद्ध छावनी डाले पड़े थे, तितर-बितर कर दिया; तूने तो उन्हें लज्जित कर दिया इसलिए कि परमेश्वर ने उनको त्याग दिया है।
भला होता कि इस्राएल का पूरा उद्धार सिय्योन से निकलता! जब परमेश्वर अपनी प्रजा को बन्धुवाई से लौटा ले आएगा। तब याकूब मगन और इस्राएल आनन्दित होगा।
भजन संहिता 56
हे परमेश्वर, मुझ पर दया कर, क्योंकि मनुष्य मुझे निगलना चाहते हैं; वे दिन भर लड़कर मुझे सताते हैं।
मेरे द्रोही दिन भर मुझे निगलना चाहते हैं, क्योंकि जो लोग अभिमान करके मुझसे लड़ते हैं वे बहुत हैं।
जिस समय मुझे डर लगेगा, मैं तुझ पर भरोसा रखूँगा।
परमेश्वर की सहायता से मैं उसके वचन की प्रशंसा करूँगा, परमेश्वर पर मैंने भरोसा रखा है, मैं नहीं डरूँगा। कोई प्राणी मेरा क्या कर सकता है?
वे दिन भर मेरे वचनों को, उलटा अर्थ लगा लगाकर मरोड़ते रहते हैं; उनकी सारी कल्पनाएँ मेरी ही बुराई करने की होती है।
वे सब मिलकर इकट्ठे होते हैं और छिपकर बैठते हैं; वे मेरे कदमों को देखते भालते हैं मानो वे मेरे प्राणों की घात में ताक लगाए बैठे हों।
क्या वे बुराई करके भी बच जाएँगे? हे परमेश्वर, अपने क्रोध से देश-देश के लोगों को गिरा दे!
तू मेरे मारे-मारे फिरने का हिसाब रखता है; तू मेरे आँसुओं को अपनी कुप्पी में रख ले! क्या उनकी चर्चा तेरी पुस्तक में नहीं है?
तब जिस समय मैं पुकारूँगा, उसी समय मेरे शत्रु उलटे फिरेंगे। यह मैं जानता हूँ, कि परमेश्वर मेरी ओर है।
परमेश्वर की सहायता से मैं उसके वचन की प्रशंसा करूँगा, यहोवा की सहायता से मैं उसके वचन की प्रशंसा करूँगा।
मैंने परमेश्वर पर भरोसा रखा है, मैं न डरूँगा। मनुष्य मेरा क्या कर सकता है?
हे परमेश्वर, तेरी मन्नतों का भार मुझ पर बना है; मैं तुझको धन्यवाद-बलि चढ़ाऊँगा।
क्योंकि तूने मुझ को मृत्यु से बचाया है; तूने मेरे पैरों को भी फिसलने से बचाया है, ताकि मैं परमेश्वर के सामने जीवितों के उजियाले में चलूँ फिरूँ।
भजन संहिता 60
हे परमेश्वर, तूने हमको त्याग दिया, और हमको तोड़ डाला है; तू क्रोधित हुआ; फिर हमको ज्यों का त्यों कर दे।
तूने भूमि को कँपाया और फाड़ डाला है; उसके दरारों को भर दे, क्योंकि वह डगमगा रही है।
तूने अपनी प्रजा को कठिन समय दिखाया; तूने हमें लड़खड़ा देनेवाला दाखमधु पिलाया है।
तूने अपने डरवैयों को झण्डा दिया है, कि वह सच्चाई के कारण फहराया जाए। (सेला)
तू अपने दाहिने हाथ से बचा, और हमारी सुन ले कि तेरे प्रिय छुड़ाए जाएँ।
परमेश्वर पवित्रता के साथ बोला है, “मैं प्रफुल्लित होऊँगा; मैं शेकेम को बाँट लूँगा, और सुक्कोत की तराई को नपवाऊँगा।
गिलाद मेरा है; मनश्शे भी मेरा है; और एप्रैम मेरे सिर का टोप, यहूदा मेरा राजदण्ड है।
मोआब मेरे धोने का पात्र है; मैं एदोम पर अपना जूता फेंकूँगा; हे पलिश्तीन, मेरे ही कारण जयजयकार कर।”
मुझे गढ़वाले नगर में कौन पहुँचाएगा? एदोम तक मेरी अगुआई किसने की है?
हे परमेश्वर, क्या तूने हमको त्याग नहीं दिया? हे परमेश्वर, तू हमारी सेना के साथ नहीं जाता।
शत्रु के विरुद्ध हमारी सहायता कर, क्योंकि मनुष्य की सहायता व्यर्थ है।
परमेश्वर की सहायता से हम वीरता दिखाएँगे, क्योंकि हमारे शत्रुओं को वही रौंदेगा।
भजन संहिता 62
सचमुच मैं चुपचाप होकर परमेश्वर की ओर मन लगाए हूँ मेरा उद्धार उसी से होता है।
सचमुच वही, मेरी चट्टान और मेरा उद्धार है, वह मेरा गढ़ है मैं अधिक न डिगूँगा।
तुम कब तक एक पुरुष पर धावा करते रहोगे, कि सब मिलकर उसका घात करो? वह तो झुकी हुई दीवार या गिरते हुए बाड़े के समान है।
सचमुच वे उसको, उसके ऊँचे पद से गिराने की सम्मति करते हैं; वे झूठ से प्रसन्न रहते हैं। मुँह से तो वे आशीर्वाद देते पर मन में कोसते हैं। (सेला)
हे मेरे मन, परमेश्वर के सामने चुपचाप रह, क्योंकि मेरी आशा उसी से है।
सचमुच वही मेरी चट्टान, और मेरा उद्धार है, वह मेरा गढ़ है; इसलिए मैं न डिगूँगा।
मेरे उद्धार और मेरी महिमा का आधार परमेश्वर है; मेरी दृढ़ चट्टान, और मेरा शरणस्थान परमेश्वर है।
हे लोगों, हर समय उस पर भरोसा रखो; उससे अपने-अपने मन की बातें खोलकर कहो; परमेश्वर हमारा शरणस्थान है। (सेला)
सचमुच नीच लोग तो अस्थाई, और बड़े लोग मिथ्या ही हैं; तौल में वे हलके निकलते हैं; वे सब के सब साँस से भी हलके हैं।
अत्याचार करने पर भरोसा मत रखो, और लूट पाट करने पर मत फूलो; चाहे धन-सम्पत्ति बढ़े, तो भी उस पर मन न लगाना।
परमेश्वर ने एक बार कहा है; और दो बार मैंने यह सुना है: कि सामर्थ्य परमेश्वर का है
और हे प्रभु, करुणा भी तेरी है। क्योंकि तू एक-एक जन को उसके काम के अनुसार फल देता है।
भजन संहिता 66
हे सारी पृथ्वी के लोगों, परमेश्वर के लिये जयजयकार करो;
उसके नाम की महिमा का भजन गाओ; उसकी स्तुति करते हुए, उसकी महिमा करो।
परमेश्वर से कहो, “ तेरे काम कितने भयानक हैं! तेरी महासामर्थ्य के कारण तेरे शत्रु तेरी चापलूसी करेंगे।
सारी पृथ्वी के लोग तुझे दण्डवत् करेंगे, और तेरा भजन गाएँगे; वे तेरे नाम का भजन गाएँगे।” (सेला)
आओ परमेश्वर के कामों को देखो; वह अपने कार्यों के कारण मनुष्यों को भययोग्य देख पड़ता है।
उसने समुद्र को सूखी भूमि कर डाला; वे महानद में से पाँव-पाँव पार उतरे। वहाँ हम उसके कारण आनन्दित हुए,
जो अपने पराक्रम से सर्वदा प्रभुता करता है, और अपनी आँखों से जाति-जाति को ताकता है। विद्रोही अपने सिर न उठाए। (सेला)
हे देश-देश के लोगों, हमारे परमेश्वर को धन्य कहो, और उसकी स्तुति में राग उठाओ,
जो हमको जीवित रखता है; और हमारे पाँव को टलने नहीं देता।
क्योंकि हे परमेश्वर तूने हमको जाँचा; तूने हमें चाँदी के समान ताया था।
तूने हमको जाल में फँसाया; और हमारी कमर पर भारी बोझ बाँधा था;
तूने घुड़चढ़ों को हमारे सिरों के ऊपर से चलाया, हम आग और जल से होकर गए; परन्तु तूने हमको उबार के सुख से भर दिया है।
मैं होमबलि लेकर तेरे भवन में आऊँगा मैं उन मन्नतों को तेरे लिये पूरी करूँगा,
जो मैंने मुँह खोलकर मानीं, और संकट के समय कही थीं।
मैं तुझे मोटे पशुओं की होमबलि, मेढ़ों की चर्बी की धूप समेत चढ़ाऊँगा; मैं बकरों समेत बैल चढ़ाऊँगा। (सेला)
हे परमेश्वर के सब डरवैयों, आकर सुनो, मैं बताऊँगा कि उसने मेरे लिये क्या-क्या किया है।
मैंने उसको पुकारा, और उसी का गुणानुवाद मुझसे हुआ।
यदि मैं मन में अनर्थ की बात सोचता, तो प्रभु मेरी न सुनता।
परन्तु परमेश्वर ने तो सुना है; उसने मेरी प्रार्थना की ओर ध्यान दिया है।
धन्य है परमेश्वर, जिसने न तो मेरी प्रार्थना अनसुनी की, और न मुझसे अपनी करुणा दूर कर दी है!
भजन संहिता 69
हे परमेश्वर, मेरा उद्धार कर, मैं जल में डूबा जाता हूँ।
मैं बड़े दलदल में धँसा जाता हूँ, और मेरे पैर कहीं नहीं रुकते; मैं गहरे जल में आ गया, और धारा में डूबा जाता हूँ।
मैं पुकारते-पुकारते थक गया, मेरा गला सूख गया है; अपने परमेश्वर की बाट जोहते-जोहते, मेरी आँखें धुँधली पड़ गई हैं।
जो अकारण मेरे बैरी हैं, वे गिनती में मेरे सिर के बालों से अधिक हैं; मेरे विनाश करनेवाले जो व्यर्थ मेरे शत्रु हैं, वे सामर्थी हैं, इसलिए जो मैंने लूटा नहीं वह भी मुझ को देना पड़ा।
हे परमेश्वर, तू तो मेरी मूर्खता को जानता है, और मेरे दोष तुझ से छिपे नहीं हैं।
हे प्रभु, हे सेनाओं के यहोवा, जो तेरी बाट जोहते हैं, वे मेरे कारण लज्जित न हो; हे इस्राएल के परमेश्वर, जो तुझे ढूँढ़ते हैं, वह मेरे कारण अपमानित न हो।
तेरे ही कारण मेरी निन्दा हुई है, और मेरा मुँह लज्जा से ढँपा है।
मैं अपने भाइयों के सामने अजनबी हुआ, और अपने सगे भाइयों की दृष्टि में परदेशी ठहरा हूँ।
क्योंकि मैं तेरे भवन के निमित्त जलते-जलते भस्म हुआ, और जो निन्दा वे तेरी करते हैं, वही निन्दा मुझ को सहनी पड़ी है।
जब मैं रोकर और उपवास करके दुःख उठाता था, तब उससे भी मेरी नामधराई ही हुई।
जब मैं टाट का वस्त्र पहने था, तब मेरा दृष्टान्त उनमें चलता था।
फाटक के पास बैठनेवाले मेरे विषय बातचीत करते हैं, और मदिरा पीनेवाले मुझ पर लगता हुआ गीत गाते हैं।
परन्तु हे यहोवा, मेरी प्रार्थना तो तेरी प्रसन्नता के समय में हो रही है; हे परमेश्वर अपनी करुणा की बहुतायात से, और बचाने की अपनी सच्ची प्रतिज्ञा के अनुसार मेरी सुन ले।
मुझ को दलदल में से उबार, कि मैं धँस न जाऊँ; मैं अपने बैरियों से, और गहरे जल में से बच जाऊँ।
मैं धारा में डूब न जाऊँ, और न मैं गहरे जल में डूब मरूँ, और न पाताल का मुँह मेरे ऊपर बन्द हो।
हे यहोवा, मेरी सुन ले, क्योंकि तेरी करुणा उत्तम है; अपनी दया की बहुतायत के अनुसार मेरी ओर ध्यान दे।
अपने दास से अपना मुँह न मोड़; क्योंकि मैं संकट में हूँ, फुर्ती से मेरी सुन ले।
मेरे निकट आकर मुझे छुड़ा ले, मेरे शत्रुओं से मुझ को छुटकारा दे।
मेरी नामधराई और लज्जा और अनादर को तू जानता है: मेरे सब द्रोही तेरे सामने हैं।
मेरा हृदय नामधराई के कारण फट गया, और मैं बहुत उदास हूँ। मैंने किसी तरस खानेवाले की आशा तो की, परन्तु किसी को न पाया, और शान्ति देनेवाले ढूँढ़ता तो रहा, परन्तु कोई न मिला।
लोगों ने मेरे खाने के लिये विष दिया, और मेरी प्यास बुझाने के लिये मुझे सिरका पिलाया।
उनका भोजन उनके लिये फंदा हो जाए; और उनके सुख के समय जाल बन जाए।
उनकी आँखों पर अंधेरा छा जाए, ताकि वे देख न सके; और तू उनकी कमर को निरन्तर कँपाता रह।
उनके ऊपर अपना रोष भड़का, और तेरे क्रोध की आँच उनको लगे।
उनकी छावनी उजड़ जाए, उनके डेरों में कोई न रहे।
क्योंकि जिसको तूने मारा, वे उसके पीछे पड़े हैं, और जिनको तूने घायल किया, वे उनकी पीड़ा की चर्चा करते हैं।
उनके अधर्म पर अधर्म बढ़ा; और वे तेरे धर्म को प्राप्त न करें।
उनका नाम जीवन की पुस्तक में से काटा जाए, और धर्मियों के संग लिखा न जाए।
परन्तु मैं तो दुःखी और पीड़ित हूँ, इसलिए हे परमेश्वर, तू मेरा उद्धार करके मुझे ऊँचे स्थान पर बैठा।
मैं गीत गाकर तेरे नाम की स्तुति करूँगा, और धन्यवाद करता हुआ तेरी बड़ाई करूँगा।
यह यहोवा को बैल से अधिक, वरन् सींग और खुरवाले बैल से भी अधिक भाएगा।
नम्र लोग इसे देखकर आनन्दित होंगे, हे परमेश्वर के खोजियों, तुम्हारा मन हरा हो जाए।
क्योंकि यहोवा दरिद्रों की ओर कान लगाता है, और अपने लोगों को जो बन्दी हैं तुच्छ नहीं जानता।
स्वर्ग और पृथ्वी उसकी स्तुति करें, और समुद्र अपने सब जीवजन्तुओं समेत उसकी स्तुति करे।
क्योंकि परमेश्वर सिय्योन का उद्धार करेगा, और यहूदा के नगरों को फिर बसाएगा; और लोग फिर वहाँ बसकर उसके अधिकारी हो जाएँगे।
उसके दासों का वंश उसको अपने भाग में पाएगा, और उसके नाम के प्रेमी उसमें वास करेंगे।
भजन संहिता 83
हे परमेश्वर मौन न रह; हे परमेश्वर चुप न रह, और न शान्त रह!
क्योंकि देख तेरे शत्रु धूम मचा रहे हैं; और तेरे बैरियों ने सिर उठाया है।
वे चतुराई से तेरी प्रजा की हानि की सम्मति करते, और तेरे रक्षित लोगों के विरुद्ध युक्तियाँ निकालते हैं।
उन्होंने कहा, “आओ, हम उनका ऐसा नाश करें कि राज्य भी मिट जाए; और इस्राएल का नाम आगे को स्मरण न रहे।”
उन्होंने एक मन होकर युक्ति निकाली है, और तेरे ही विरुद्ध वाचा बाँधी है।
ये तो एदोम के तम्बूवाले और इश्माएली, मोआबी और हग्री,
गबाली, अम्मोनी, अमालेकी, और सोर समेत पलिश्ती हैं।
इनके संग अश्शूरी भी मिल गए हैं; उनसे भी लूतवंशियों को सहारा मिला है। (सेला)
इनसे ऐसा कर जैसा मिद्यानियों से, और कीशोन नाले में सीसरा और याबीन से किया था,
वे एनदोर में नाश हुए, और भूमि के लिये खाद बन गए।
इनके रईसों को ओरेब और जेब सरीखे, और इनके सब प्रधानों को जेबह और सल्मुन्ना के समान कर दे,
जिन्होंने कहा था, “हम परमेश्वर की चराइयों के अधिकारी आप ही हो जाएँ।”
हे मेरे परमेश्वर इनको बवंडर की धूलि, या पवन से उड़ाए हुए भूसे के समान कर दे।
उस आग के समान जो वन को भस्म करती है, और उस लौ के समान जो पहाड़ों को जला देती है,
तू इन्हें अपनी आँधी से भगा दे, और अपने बवंडर से घबरा दे!
इनके मुँह को अति लज्जित कर, कि हे यहोवा ये तेरे नाम को ढूँढ़ें।
ये सदा के लिये लज्जित और घबराए रहें, इनके मुँह काले हों, और इनका नाश हो जाए,
जिससे ये जानें कि केवल तू जिसका नाम यहोवा है, सारी पृथ्वी के ऊपर परमप्रधान है।
भजन संहिता 84
हे सेनाओं के यहोवा, तेरे निवास क्या ही प्रिय हैं!
मेरा प्राण यहोवा के आँगनों की अभिलाषा करते-करते मूर्छित हो चला; मेरा तन मन दोनों जीविते परमेश्वर को पुकार रहे।
हे सेनाओं के यहोवा, हे मेरे राजा, और मेरे परमेश्वर, तेरी वेदियों में गौरैया ने अपना बसेरा और शूपाबेनी ने घोंसला बना लिया है जिसमें वह अपने बच्चे रखे।
क्या ही धन्य हैं वे, जो तेरे भवन में रहते हैं; वे तेरी स्तुति निरन्तर करते रहेंगे। (सेला)
क्या ही धन्य है वह मनुष्य, जो तुझ से शक्ति पाता है, और वे जिनको सिय्योन की सड़क की सुधि रहती है।
वे रोने की तराई में जाते हुए उसको सोतों का स्थान बनाते हैं; फिर बरसात की अगली वृष्टि उसमें आशीष ही आशीष उपजाती है।
वे बल पर बल पाते जाते हैं; उनमें से हर एक जन सिय्योन में परमेश्वर को अपना मुँह दिखाएगा।
हे सेनाओं के परमेश्वर यहोवा, मेरी प्रार्थना सुन, हे याकूब के परमेश्वर, कान लगा! (सेला)
हे परमेश्वर, हे हमारी ढाल, दृष्टि कर; और अपने अभिषिक्त का मुख देख!
क्योंकि तेरे आँगनों में एक दिन और कहीं के हजार दिन से उत्तम है। दुष्टों के डेरों में वास करने से अपने परमेश्वर के भवन की डेवढ़ी पर खड़ा रहना ही मुझे अधिक भावता है।
क्योंकि यहोवा परमेश्वर सूर्य और ढाल है; यहोवा अनुग्रह करेगा, और महिमा देगा; और जो लोग खरी चाल चलते हैं; उनसे वह कोई अच्छी वस्तु रख न छोड़ेगा।
हे सेनाओं के यहोवा, क्या ही धन्य वह मनुष्य है, जो तुझ पर भरोसा रखता है!
भजन संहिता 85
हे यहोवा, तू अपने देश पर प्रसन्न हुआ, याकूब को बँधुवाई से लौटा ले आया है।
तूने अपनी प्रजा के अधर्म को क्षमा किया है; और उसके सब पापों को ढाँप दिया है। (सेला)
तूने अपने रोष को शान्त किया है; और अपने भड़के हुए कोप को दूर किया है।
हे हमारे उद्धारकर्ता परमेश्वर, हमको पुनः स्थापित कर, और अपना क्रोध हम पर से दूर कर!
क्या तू हम पर सदा कोपित रहेगा? क्या तू पीढ़ी से पीढ़ी तक कोप करता रहेगा?
क्या तू हमको फिर न जिलाएगा, कि तेरी प्रजा तुझ में आनन्द करे?
हे यहोवा अपनी करुणा हमें दिखा, और तू हमारा उद्धार कर।
मैं कान लगाए रहूँगा कि परमेश्वर यहोवा क्या कहता है, वह तो अपनी प्रजा से जो उसके भक्त है, शान्ति की बातें कहेगा; परन्तु वे फिरके मूर्खता न करने लगें।
निश्चय उसके डरवैयों के उद्धार का समय निकट है, तब हमारे देश में महिमा का निवास होगा।
करुणा और सच्चाई आपस में मिल गई हैं; धर्म और मेल ने आपस में चुम्बन किया हैं।
पृथ्वी में से सच्चाई उगती और स्वर्ग से धर्म झुकता है।
हाँ, यहोवा उत्तम वस्तुएँ देगा, और हमारी भूमि अपनी उपज देगी।
धर्म उसके आगे-आगे चलेगा, और उसके पाँवों के चिन्हों को हमारे लिये मार्ग बनाएगा।
भजन संहिता 86
हे यहोवा, कान लगाकर मेरी सुन ले, क्योंकि मैं दीन और दरिद्र हूँ।
मेरे प्राण की रक्षा कर, क्योंकि मैं भक्त हूँ; तू मेरा परमेश्वर है, इसलिए अपने दास का, जिसका भरोसा तुझ पर है, उद्धार कर।
हे प्रभु, मुझ पर अनुग्रह कर, क्योंकि मैं तुझी को लगातार पुकारता रहता हूँ।
अपने दास के मन को आनन्दित कर, क्योंकि हे प्रभु, मैं अपना मन तेरी ही ओर लगाता हूँ।
क्योंकि हे प्रभु, तू भला और क्षमा करनेवाला है, और जितने तुझे पुकारते हैं उन सभी के लिये तू अति करुणामय है।
हे यहोवा मेरी प्रार्थना की ओर कान लगा, और मेरे गिड़गिड़ाने को ध्यान से सुन।
संकट के दिन मैं तुझको पुकारूँगा, क्योंकि तू मेरी सुन लेगा।
हे प्रभु, देवताओं में से कोई भी तेरे तुल्य नहीं, और न किसी के काम तेरे कामों के बराबर हैं।
हे प्रभु, जितनी जातियों को तूने बनाया है, सब आकर तेरे सामने दण्डवत् करेंगी, और तेरे नाम की महिमा करेंगी।
क्योंकि तू महान और आश्चर्यकर्म करनेवाला है, केवल तू ही परमेश्वर है।
हे यहोवा, अपना मार्ग मुझे सिखा, तब मैं तेरे सत्य मार्ग पर चलूँगा, मुझ को एक चित्त कर कि मैं तेरे नाम का भय मानूँ।
हे प्रभु, हे मेरे परमेश्वर, मैं अपने सम्पूर्ण मन से तेरा धन्यवाद करूँगा, और तेरे नाम की महिमा सदा करता रहूँगा।
क्योंकि तेरी करुणा मेरे ऊपर बड़ी है; और तूने मुझ को अधोलोक की तह में जाने से बचा लिया है।
हे परमेश्वर, अभिमानी लोग मेरे विरुद्ध उठ गए हैं, और उपद्रवियों का झुण्ड मेरे प्राण के खोजी हुए हैं, और वे तेरा कुछ विचार नहीं रखते।
परन्तु प्रभु दयालु और अनुग्रहकारी परमेश्वर है, तू विलम्ब से कोप करनेवाला और अति करुणामय है।
मेरी ओर फिरकर मुझ पर अनुग्रह कर; अपने दास को तू शक्ति दे, और अपनी दासी के पुत्र का उद्धार कर।
मुझे भलाई का कोई चिन्ह दिखा, जिसे देखकर मेरे बैरी निराश हों, क्योंकि हे यहोवा, तूने आप मेरी सहायता की और मुझे शान्ति दी है।
भजन संहिता 90
हे प्रभु, तू पीढ़ी से पीढ़ी तक हमारे लिये धाम बना है।
इससे पहले कि पहाड़ उत्पन्न हुए, या तूने पृथ्वी और जगत की रचना की, वरन् अनादिकाल से अनन्तकाल तक तू ही परमेश्वर है।
तू मनुष्य को लौटाकर मिट्टी में ले जाता है, और कहता है, “हे आदमियों, लौट आओ!”
क्योंकि हजार वर्ष तेरी दृष्टि में ऐसे हैं, जैसा कल का दिन जो बीत गया, या रात का एक पहर।
तू मनुष्यों को धारा में बहा देता है; वे स्वप्न से ठहरते हैं, वे भोर को बढ़नेवाली घास के समान होते हैं।
वह भोर को फूलती और बढ़ती है, और साँझ तक कटकर मुर्झा जाती है।
क्योंकि हम तेरे क्रोध से भस्म हुए हैं; और तेरी जलजलाहट से घबरा गए हैं।
तूने हमारे अधर्म के कामों को अपने सम्मुख, और हमारे छिपे हुए पापों को अपने मुख की ज्योति में रखा है।
क्योंकि हमारे सब दिन तेरे क्रोध में बीत जाते हैं, हम अपने वर्ष शब्द के समान बिताते हैं।
हमारी आयु के वर्ष सत्तर तो होते हैं, और चाहे बल के कारण अस्सी वर्ष भी हो जाएँ, तो भी उनका घमण्ड केवल कष्ट और शोक ही शोक है; क्योंकि वह जल्दी कट जाती है, और हम जाते रहते हैं।
तेरे क्रोध की शक्ति को और तेरे भय के योग्य तेरे रोष को कौन समझता है?
हमको अपने दिन गिनने की समझ दे कि हम बुद्धिमान हो जाएँ।
हे यहोवा, लौट आ! कब तक? और अपने दासों पर तरस खा!
भोर को हमें अपनी करुणा से तृप्त कर, कि हम जीवन भर जयजयकार और आनन्द करते रहें।
जितने दिन तू हमें दुःख देता आया, और जितने वर्ष हम क्लेश भोगते आए हैं उतने ही वर्ष हमको आनन्द दे।
तेरा काम तेरे दासों को, और तेरा प्रताप उनकी सन्तान पर प्रगट हो।
हमारे परमेश्वर यहोवा की मनोहरता हम पर प्रगट हो, तू हमारे हाथों का काम हमारे लिये दृढ़ कर, हमारे हाथों के काम को दृढ़ कर।
भजन संहिता 92
यहोवा का धन्यवाद करना भला है, हे परमप्रधान, तेरे नाम का भजन गाना;
प्रातःकाल को तेरी करुणा, और प्रति रात तेरी सच्चाई का प्रचार करना,
दस तारवाले बाजे और सारंगी पर, और वीणा पर गम्भीर स्वर से गाना भला है।
क्योंकि, हे यहोवा, तूने मुझ को अपने कामों से आनन्दित किया है; और मैं तेरे हाथों के कामों के कारण जयजयकार करूँगा।
हे यहोवा, तेरे काम क्या ही बड़े है! तेरी कल्पनाएँ बहुत गम्भीर है;
पशु समान मनुष्य इसको नहीं समझता, और मूर्ख इसका विचार नहीं करता:
कि दुष्ट जो घास के समान फूलते-फलते हैं, और सब अनर्थकारी जो प्रफुल्लित होते हैं, यह इसलिए होता है, कि वे सर्वदा के लिये नाश हो जाएँ,
परन्तु हे यहोवा, तू सदा विराजमान रहेगा।
क्योंकि हे यहोवा, तेरे शत्रु, हाँ तेरे शत्रु नाश होंगे; सब अनर्थकारी तितर-बितर होंगे।
परन्तु मेरा सींग तूने जंगली साँड़ के समान ऊँचा किया है; तूने ताजे तेल से मेरा अभिषेक किया है।
मैं अपने शत्रुओं पर दृष्टि करके, और उन कुकर्मियों का हाल जो मेरे विरुद्ध उठे थे, सुनकर सन्तुष्ट हुआ हूँ।
धर्मी लोग खजूर के समान फूले फलेंगे, और लबानोन के देवदार के समान बढ़ते रहेंगे।
वे यहोवा के भवन में रोपे जाकर, हमारे परमेश्वर के आँगनों में फूले फलेंगे।
वे पुराने होने पर भी फलते रहेंगे, और रस भरे और लहलहाते रहेंगे,
जिससे यह प्रगट हो कि यहोवा सच्चा है; वह मेरी चट्टान है, और उसमें कुटिलता कुछ भी नहीं।
संत मत्ती के अनुसार पवित्र सुसमाचार (अध्याय 5:1-16)
¶ वह भीड़ को देखकर, पहाड़ पर चढ़ गया; और जब बैठ गया तो उसके चेले उसके पास आए।
और वह अपना मुँह खोलकर उन्हें यह उपदेश देने लगा:
‹“धन्य हैं वे, जो मन के दीन हैं,› ‹क्योंकि स्वर्ग का राज्य उन्हीं का है। ›
‹“धन्य हैं वे, जो शोक करते हैं,› ‹क्योंकि वे शान्ति पाएँगे।›
‹“धन्य हैं वे, जो नम्र हैं,› ‹क्योंकि वे पृथ्वी के अधिकारी होंगे।›
‹“धन्य हैं वे, जो धार्मिकता के भूखे और प्यासे हैं,› ‹क्योंकि वे तृप्त किए जाएँगे।›
‹“धन्य हैं वे, जो दयावन्त हैं,› ‹क्योंकि उन पर दया की जाएगी।›
‹“धन्य हैं वे, जिनके मन शुद्ध हैं, › ‹क्योंकि वे परमेश्वर को देखेंगे।›
‹“धन्य हैं वे, जो मेल करवानेवाले हैं, क्योंकि वे परमेश्वर के पुत्र कहलाएँगे।›
‹“धन्य हैं वे, जो धार्मिकता के कारण सताए जाते हैं,› ‹क्योंकि स्वर्ग का राज्य उन्हीं का है।›
¶ ‹“धन्य हो तुम, जब मनुष्य मेरे कारण तुम्हारी निन्दा करें और सताएँ और झूठ बोल बोलकर तुम्हारे विरोध में सब प्रकार की बुरी बात कहें।›
‹आनन्दित और मगन होना क्योंकि तुम्हारे लिये स्वर्ग में बड़ा प्रतिफल है। इसलिए कि उन्होंने उन भविष्यद्वक्ताओं को जो तुम से पहले थे इसी रीति से सताया था।›
¶ ‹“तुम पृथ्वी के नमक हो; परन्तु यदि नमक का स्वाद बिगड़ जाए, तो वह फिर किस वस्तु से नमकीन किया जाएगा? फिर वह किसी काम का नहीं, केवल इसके कि बाहर फेंका जाए और मनुष्यों के पैरों तले रौंदा जाए।›
‹तुम जगत की ज्योति हो। जो नगर पहाड़ पर बसा हुआ है वह छिप नहीं सकता।›
‹और लोग दीया जलाकर पैमाने के नीचे नहीं परन्तु दीवट पर रखते हैं, तब उससे घर के सब लोगों को प्रकाश पहुँचता है।›
‹उसी प्रकार तुम्हारा उजियाला मनुष्यों के सामने चमके कि वे तुम्हारे भले कामों को देखकर तुम्हारे पिता की, जो स्वर्ग में हैं, बड़ाई करें।›
Tenoo oasht emmok o piekhristos nem pekyot en aghathos nem pi epnevma ethowab je akee ak soati emmon nai nan
हम तेरा आराधन करते हैं, हे मसीह, तेरे कृपालु पिता और पवित्र आत्मा के साथ; क्योंकि तू आया और तूने हमें उद्धार दिया।
1. हे तू जो छठे दिन और छठी घड़ी में हमारे पिता आदम के उस पाप के कारण, जो उसने अदन में करने का साहस किया, क्रूस पर कीलों से जड़ा गया; हमारे पापों की लिखत फाड़ दे, हे हमारे परमेश्वर मसीह, और हमें बचा। मैंने यहोवा को पुकारा और उसने मेरी सुनी। हे परमेश्वर, मेरी प्रार्थना सुन, और मेरी याचना को अस्वीकार न कर। सन्ध्या, भोर, और दोपहर—मेरी ओर ध्यान कर और मुझे सुन; मैं अपनी बात कहता हूँ और वह मेरी वाणी सुनकर मेरी आत्मा को शान्ति में छुड़ाता है।
Doxa Patri ke Eioa ke Agio Pnevmati
पिता, पुत्र और पवित्र आत्मा की महिमा हो।
2. हे यीशु मसीह, हमारे परमेश्वर, जो छठी घड़ी में क्रूस पर कीलों से जड़े गए, और वृक्ष द्वारा पाप को मार डाला, और अपनी मृत्यु से उस मनुष्य को जिलाया जिसे तूने अपने हाथों से रचा था और जो पाप में मर गया था; अपनी चंगाई देनेवाली और जीवनदायक दु:ख-भोगों द्वारा हमारे दु:खों को मार दे, और जिन कीलों से तू जड़ा गया था, उनके कारण—हमारे मनों को सांसारिक कार्यों की उटपटांगता और लौकिक वासनाओं से छुड़ाकर तेरी स्वर्गीय आज्ञाओं की स्मृति में लगा दे, तेरी करुणा के अनुसार।
Ke nin ke a ee ke ees toos e onas toan e oa noan ameen.
अब और सदैव और युगानुयुग, आमीन।
3. बहुत से पापों के कारण हमारे पास न तो अनुग्रह, न बहाना, न धर्मी ठहरना है; पर हम तेरे द्वारा, हे ईश्वर‑जननी कुँवारी, उस से बिनती करते हैं जो तुझ से जन्मा; क्योंकि हमारे उद्धारकर्ता के साथ तेरी मध्यस्थता प्रचुर और ग्राह्य है। हे पवित्र माता, पापियों को उस की मध्यस्थता से वंचित न कर जिसे तूने जन्मा, क्योंकि वह दयालु है और हमारे उद्धार में सामर्थी है, क्योंकि उसने हमें छुड़ाने के लिए हमारे लिये दु:ख उठाया। शीघ्र ही तेरी दया हम तक पहुँचे क्योंकि हम अत्यन्त नम्र किए गए हैं। हे परमेश्वर, हमारे उद्धारकर्ता, अपने नाम की महिमा के लिए हमारी सहायता कर। हे प्रभु, हमारा उद्धार कर, और अपने पवित्र नाम के कारण हमारे पाप क्षमा कर।
Ke nin ke a ee ke ees toos e onas toan e oa noan ameen.
अब और सदैव और युगानुयुग, आमीन।
4. हे हमारे परमेश्वर मसीह, तूने समस्त पृथ्वी के बीच में उद्धार का काम किया, क्योंकि तूने क्रूस पर अपने पवित्र हाथ फैलाए; इसलिये सब जातियाँ पुकार उठती हैं, “हे प्रभु, तेरी महिमा हो।”
Doxa Patri ke Eioa ke Agio Pnevmati
पिता, पुत्र और पवित्र आत्मा की महिमा हो।
5. हम तेरे अक्षय व्यक्तित्व की आराधना करते हैं, हे भले, और अपने पापों की क्षमा माँगते हैं, हे हमारे परमेश्वर मसीह। क्योंकि तेरे ही इच्छा से तू क्रूस पर ऊपर उठाया जाना स्वीकार किया, ताकि उन लोगों को छुड़ा दे जिन्हें तूने रचा था और जो शत्रु की दासता में थे। हम तुझे पुकारते हैं और तेरा धन्यवाद करते हैं, क्योंकि तू संसार की सहायता करने आया और तूने सब को आनन्द से भर दिया, हे उद्धारकर्ता। प्रभु, तेरी महिमा हो।
Ke nin ke a ee ke ees toos e onas toan e oa noan ameen.
अब और सदैव और युगानुयुग, आमीन।
6. तू अनुग्रह से परिपूर्ण है। हे ईश्वर‑जननी कुँवारी, हम तेरा गुणगान करते हैं, क्योंकि तेरे पुत्र के क्रूस के द्वारा अधोलोक गिर पड़ा और मृत्यु नाश हो गई। हम मरे हुए थे, पर अब जिलाए गए और अनन्त जीवन के योग्य बनाए गए, और प्रथम अदन के सुख का आनन्द प्राप्त किया; इसलिये हम कृतज्ञता से अविनाशी मसीह, अपने परमेश्वर की महिमा करते हैं।
तब उपासक प्रार्थना करता है:
प्रभु, हमारी सुन और हम पर दया कर, और हमारे पाप क्षमा कर। आमीन।
(प्रभु, दया कर) 41 बार
अभिमोचन
हम तेरा धन्यवाद करते हैं, हे हमारे राजा, सर्वशक्तिमान— जो हमारे प्रभु, हमारे परमेश्वर और हमारे उद्धारकर्ता यीशु मसीह के पिता हैं— और हम तुझे महिमा देते हैं; क्योंकि तूने तेरे एकलौते पुत्र के दुःख-भोग के समयों को शान्त्वना और प्रार्थना के समयों में बदल दिया। हमारी विनतियों को अपने पास स्वीकार कर, और हमारे ऊपर लिखे पापों के लेख को मिटा दे, जैसे तूने इस पवित्र घड़ी में अपने एकलौते पुत्र, हमारे प्रभु और हमारी आत्माओं के उद्धारकर्ता यीशु मसीह के क्रूस के द्वारा उसे चीर डाला; उसी के द्वारा तू ने शत्रु की सारी शक्ति ढा दी।
हे परमेश्वर, हमें शोभायमान समय, निर्दोष चाल-चलन, और शान्त जीवन दे, कि हम तेरे आराध्य पवित्र नाम को हर बात में प्रसन्न करें; और तेरे एकलौते पुत्र यीशु मसीह, हमारे प्रभु के भयावह और धर्मी न्यायासन के सामने बिना दोष के खड़े हों; और तेरे सब सन्तों के साथ तुझे महिमा दें— तू अनादि पिता, और तेरे तुल्य पुत्र, और जीवनदाता पवित्र आत्मा— अब और सर्वदा और समस्त युगानुयुग। आमेन।
हर घड़ी के अन्त में पढ़ी जानेवाली विनती
हम पर दया कर, हे परमेश्वर, फिर हम पर दया कर। तू जो हर समय और हर घड़ी— स्वर्ग में और पृथ्वी पर— प्रणम्य और महिमित है, मसीह हमारे भले परमेश्वर, दीर्घशील, दया में धनी, अत्यन्त करुणाशील— जो धर्मियों से प्रेम करता है और पापियों पर दया करता है, जिन में प्रथम मैं हूँ— जो दुष्ट के मरने से नहीं, परन्तु उसके फिरकर जीवित रहने से प्रसन्न होता है— जो सबको उद्धार के लिये बुलाता है, आनेवाली उत्तम वस्तुओं की प्रतिज्ञा के कारण।
हे प्रभु, इस घड़ी और हर घड़ी हमारी याचिकाएँ ग्रहण कर। हमारे जीवन को सरल कर, और हमें तेरी आज्ञाओं पर चलना सिखा। हमारी आत्माओं को पवित्र कर। हमारे शरीरों को शुद्ध कर। हमारे विचारों को सीधा कर। हमारी नीयतों को शुद्ध कर। हमारी बीमारियों को चंगा कर और हमारे पापों को क्षमा कर। और हमें सब बुरे शोक और हृदय-पीड़ा से बचा। अपने पवित्र स्वर्गदूतों से हमें चारों ओर से घेरे रख, कि हम उनके शिविर से सुरक्षित और निर्देशित होकर विश्वास की एकता और तेरी अगोचर और असीम महिमा की पहचान तक पहुँचें; क्योंकि तू युगानुयुग धन्य है। आमेन।
हे परमेश्वर, हमें यह योग्य बना कि हम कृतज्ञतापूर्वक कहें: हे हमारे पिता, जो स्वर्ग में है...