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मरकुस 3

IRV · verse 26

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IRV / मरकुस / Chapter 3

IRV · verse 26

‹और यदि शैतान अपना ही विरोधी होकर अपने में फूट डाले, तो वह क्या बना रह सकता है? उसका तो अन्त ही हो जाता है।›