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नीतिवचन 26

IRV · verse 9

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IRV / नीतिवचन / Chapter 26

IRV · verse 9

जैसे मतवाले के हाथ में काँटा गड़ता है, वैसे ही मूर्खों का कहा हुआ नीतिवचन भी दुःखदाई होता है।