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नीतिवचन 29

IRV · verse 24

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IRV / नीतिवचन / Chapter 29

IRV · verse 24

जो चोर की संगति करता है वह अपने प्राण का बैरी होता है; शपथ खाने पर भी वह बात को प्रगट नहीं करता।