كل أسفار IRV

मरकुस 4

IRV · الآية 27

16 أصحاحات

IRV / मरकुस / الأصحاح 4

IRV · الآية 27

‹और रात को सोए, और दिन को जागे और वह बीज ऐसे उगें और बढ़े कि वह न जाने।›