كل أسفار IRV

मरकुस 7

IRV · الآية 21

16 أصحاحات

IRV / मरकुस / الأصحاح 7

IRV · الآية 21

‹क्योंकि भीतर से, अर्थात् मनुष्य के मन से, बुरे-बुरे विचार, व्यभिचार, चोरी, हत्या, परस्त्रीगमन,›