كل أسفار IRV

1 इतिहास 21

IRV · الآية 3

29 أصحاحات

IRV / 1 इतिहास / الأصحاح 21

IRV · الآية 3

योआब ने कहा, “यहोवा की प्रजा के कितने ही क्यों न हों, वह उनको सौ गुना बढ़ा दे; परन्तु हे मेरे प्रभु! हे राजा! क्या वे सब राजा के अधीन नहीं हैं? मेरा प्रभु ऐसी बात क्यों चाहता है? वह इस्राएल पर दोष लगने का कारण क्यों बने?”